व्यापारी ने दान में दिया 30 मीटर कपड़े का थान, महिलाओं ने बनाये मास्क

जांजगीर-चांपा/पामगढ, 2अप्रेल 2020। कोरोना वायरस की महामारी में एक दूसरे की मदद करने में लोग व्यक्तिगत तौर पर भी आगे आ रहे हैं। इसके प्रदेश भर में कई उदाहरण सामने आ रहे हैं। कहीं लोग खाना बाँट रहे हैं तो कहीं पानी या फिर सरकारी कोष में दिल खोल कर सरकारी कोष में धन दे रहे हैं|
पामगढ़-राहौद के व्यापारी ईश्वर साहू ने 30 मीटर कॉटन का हरे रंग का कपड़ा मास्क केलिए वालिंटियर टीम मेंऊ को दान देकर कोराना वायरस के खिलाफ लड़ाई में सहयोग प्रदान किया। वालिंटियर टीम के सदस्य संत बाबा बाला जी ने बताया, लॉकडाउन को लेकर उनकी टीम ग्रामीणों व जरुरतमंदों की सेवा लगातार एक सप्ताह से कर रही है। इसी दौरान गांव में रेडीमेड मास्क नहीं होने पर लोगों की समस्या को देखते हुए एक वस्त्रालय के प्रोपाइटर से संपर्क किया गया। उन्होंने टीम के सदस्यों को 30 मीटर कपड़ा का थान दिया। जब पैसे दिया गया तो ईश्वर साहू ने पैसे लेने से इंकार कर दिया। श्री साहू ने कहा आज देश संकट की घड़ी में जुझ रहा है। कोरोना वायरस के संक्रमण से मानवता खतरे में ऐसे में देश के लिए उनका भी फर्ज बनता है।
वहीं ग्राम मेंऊ के वालेंटियर्स सदस्य राम विश्वास सोनकर ने बताया मास्क बनाने के लिए महिला स्वसहायता समूह, मितानीन और दर्जी व्यवसाय से जुड़े ग्राम मेंऊ के सामाजिक कार्यकर्ता मिल लगभग 1000 नग मास्क का निर्माण कर निशुल्क वितरण किया जाएगा।
इसके अलावा गांव में सर्वे कर जरुरतमंद परिवार जिनके पास राशन कार्ड नहीं है उनकी सूची बनाकर तहसीलदार पामगढ को सौंपेंगे। यहाँ कुछ ऐसे परिवार भी हैं जिनके माता-पिता दूसरे राज्यों में पलायन कर गए हैं। लॉकडाउन के कारण उनके बच्चों के लिए गांव में राशन व अन्य सामाग्री की जरुरत है उन्हें सहायता पहुंचाने सूची सौंपा जाएगा। वहीं गांव में कुछ ऐसे उम्रदराज लोग भी हैं जिनके पास पीडीएस के चावल के अलावा पेंशन राशि नहीं मिलने से सब्जी व अन्य सामाग्री की व्यवस्था नहीं होने की जानकारी भी शासन को उपलब्ध कराई जा रही है। लॉकडाउन के दौरान गांव में अचानक एक महिला की तबियत बिगड़ने पर वालेंटियर्स टीम ने सूचना मिलने पर अस्पताल ले जाकर इलाज करावाया गया।
