ग्राम देव किरारी (अकलतरा) में चैत्र जवारा नवमी के दिन तिसाला पुजाई … ठाकुरदेव में पुजबन प्रारंभ कर समस्त देवी देवताओं का रक्त तिलक किया गया
जिवराखन लाल उसारे छत्तीसगढ़ ग्रामीण न्यूज
ग्राम देव किरारी (अकलतरा) जिला जांजगीर चाम्पा में क्वांर और चैत्र दोनों मास में जवांरा अनुष्ठान किया जाता है लेकिन चैत्र नवरात्रि का विशेष महत्त्व है. प्रत्येक तीन साल के उपरांत पारंपरिक नेंग को निभाते हुये गाँव के सभी देवी देवताओं को जीव सेवा दिया जाता है. जिसमें गोंड समाज के अगुवाई में कुर्मी, तेली, राउत, नाऊ, ब्राम्हण भी सहभागी होते हैं. इस वर्ष तिसाला था इसलिए सभी देवी और देवताओं, दिवंगत बैगाओं तथा शक्तियों को बलि सेवा अर्पित किया गया . गाँव में सभी शक्तियों का अलग अलग मुहल्ले में ठाना है. ठाकुरदेव को ग्राम रक्षक माना जाता है. प्रथम पुजबन ठाकुरदेव में अर्पित किया जाता है जिसमें पंर्रा बोकरा दिया जाता है.चूँकि ठाकुर देव कलमकार के मोहल्ले में विराजित हैं. इसलिए नवमी तिथि में वे स्वयं अनुष्ठान में उपस्थित रहे.
फिर महामाई दाई, मनका सिदार, दाऊ साहेब, बड़ा देव, भैसासुर, पराऊ बईगा, में जीव सेवा अर्पित किया गया. महामाई दाई के लिए पुरे गाँव भर के लोग आर्थिक सहयोग करते हैं, मोहल्ले के देव ठाना के लिय मोहल्ले वासी सहयोग करते हैं. गाँव के ब्ईगा श्री लादन गोंड सभी देवी देवताओं के सेवा अर्जी करते हैं. सरपंच गाँव भर के संयोजक होता है. वार्ड पञ्च मोहल्ला संयोजक होते हैं. सरपंच श्री अशोक कश्यप इस वर्ष के ग्राम संयोजक रहे. ठाकुर देव मोहल्ले के संयोजक पूर्व पञ्च शम्भू कश्यप एवं वर्तमान पञ्च धर्मेंद्र गोस्वामी रहे.

