Uncategorized

कोरोना के प्रकोप के बीच मोदी सरकार 80 करोड़ लोगों को गेहूं मात्र ₹2 और चावल मात्र ₹3 में देगी

Spread the love

Jiwrakhan lal ushare cggrameen nëws

नयी दिल्ली : देश में बढ़़ते कोरोना के प्रकोप के बीच बुधवार को केंद्र की मोदी सरकार ने लोगों के राशन को लेकर बड़ा ऐलान किया। पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुई बुधवार को केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में देश के 80 करोड़ लोगों को सस्ती दर पर अनाज देने का फैसला किया गया। कैबिनेट बैठक के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि देश के 80 करोड़ लोगों सस्ते दर पर राशन दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार देश के 80 करोड़ लोगों को हर महीने 7 किलो प्रति व्यक्ति राशन देगी और वो भी 3 महीने के लिए एडवांस।
प्रकाश जावड़ेकर ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार ने 80 करोड़ लोगों को 27 रुपये प्रति किलो वाला गेहूं मात्र 2 रुपये प्रति किलोग्राम में और 37 रुपये किलोग्राम वाला चावल 3 रुपये प्रति किलोग्राम में देने का फैसला किया है। इस पर 1 लाख 80 हजार करोड़ रुपये खर्च हो रहे हैं। यह तीन महीने के लिए राज्यों को एडवांस में दिया जाएगा।
केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने आज केंद्रीय कैबिनेट की बैठक के बाद कहा कि सरकार तीन महीने का राशन एडवांस में दे सकती है और जरूरी सामानों की देश में किसी भी कीमत पर कमी नहीं होने दी जायेगी. उन्होंने कहा कि किसी को भी घबराने की जरूरत नहीं है, इस 21 दिन के लॉकडाउन के दौरान सरकार हरसंभव प्रयास करेगी कि जरूरत के सामानों की कमी ना हो.

गौरतलब है कि कोरोना वायरस से निपटने के लिए कल रात 12 बजे से लागू हुए लॉकडाउन का आज पहला दिन है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कल जब लॉकडाउन की घोषणा की तो लोग घबरा गये और जरूरी सामानों की खरीद के लिए निकल पड़े. आम लोगों की इस घबराहट को दूर करने के लिए कैबिनेट ने आज कुछ फैसले लिये जिनके बारे में केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने बताया.

सरकार की ओर से यह स्पष्ट कहा गया कि लॉकडाउन की अवधि में देशभर में कहीं भी आवश्यक वस्तुओं की दुकानें बंद नहीं होंगी. लोगों को घबराकर खरीदारी करने की जरूरत नहीं है. प्रकाश जावड़ेकर ने बताया कि आवश्यक सेवाओं की सभी दुकानें रोज खुलेंगी और दूध, फल-सब्जी,अंडा-मांस की कमी नहीं होगी.

वहीं कोरोना वायरस संकट को देखते हुए केंद्रीय मंत्रिमंडल की आज हुई बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा उनके मंत्रिमंडल के सहयोगी एक निश्चित दूरी बनाकर कुर्सियों पर बैठे और सामाजिक दूरी (सोशल डिस्टेंसिग) के संकल्प का अनुपालन किया. केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक की तसवीर में मंत्री एक दूसरे से दूरी बना कर और प्रधानमंत्री की ओर मुखातिब होकर कुर्सियों पर बैठे नजर आये. उनकी कुर्सियों के बगल में छोटी मेजें थीं जिन पर उनके दस्तावेज रखे थे . आम तौर पर केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में मंत्रीगण अंडाकर मेज के इर्द गिर्द कुर्सियों पर बैठे होते हैं .  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *